कौशाम्बी : उत्तर प्रदेश के परिषदीय स्कूलों में पढ़ रहे बच्चों को महाकवि गोस्वामी तुलसीदास (tulsidas) की जन्मस्थली के बारे में भ्रमित किया जा रहा है। बेसिक शिक्षा विभाग उत्तर प्रदेश की ओर से संचालित कक्षा सात की मंजरी पुस्तक में गोस्वामी तुलसीदास जी का जन्म स्थान एटा जिले के सोरों काशगंज गांव को बताया गया है जबकि कक्षा आठ की महान व्यक्तित्व पुस्तक में जन्मस्थली चित्रकूट जिले के राजापुर गांव लिखी गई है जिसके कारण छात्र भ्रमित हो सकते हैं। विद्यालय की सहायक अध्यापिका ने बताया कि नेशनल काउंसलिंग ऑफ एजुकेशन रिसर्च एंड ट्रेनिग संस्थान की गड़बड़ी के चलते किताबों में यह बड़ी चूक हुई है।
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